किश्तवाड़ में बादल फटा, 52 की मौत, 100 से अधिक लापता
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किश्तवाड़ में बादल फटा, 52 की मौत, 100 से अधिक लापता
किश्तवाड़, 14 अगस्त : जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के चशोटी गांव में गुरुवार दोपहर 12:30 बजे बादल फटने से मचैल माता यात्रा का पहला पड़ाव त्रासदी में बदल गया। हादसे में अब तक 52 लोगों की मौत हो चुकी है, 167 लोगों को सुरक्षित निकाला गया, जबकि 100 से अधिक श्रद्धालु लापता हैं। तेज बहाव में बसें, टेंट, लंगर और कई दुकानें बह गईं।
हजारों श्रद्धालु यात्रा के लिए पड्डर सब-डिवीजन के चशोटी पहुंचे थे, तभी पहाड़ से अचानक पानी और मलबे का सैलाब उतर आया। चशोटी, किश्तवाड़ शहर से लगभग 90 किमी दूर पड्डर घाटी में स्थित है, जहां 1,818 मीटर से 3,888 मीटर ऊंचे पहाड़ और ग्लेशियर पानी के प्रवाह को और तेज कर देते हैं।
मचैल माता की वार्षिक यात्रा 25 जुलाई से 5 सितंबर तक चलनी थी। यह मार्ग जम्मू से किश्तवाड़ तक 210 किमी लंबा है, जिसमें पद्दर से चशोटी तक 19.5 किमी सड़क और आगे 8.5 किमी पैदल रास्ता है। राहत और बचाव कार्य जारी हैं, लेकिन खराब मौसम और ऊबड़-खाबड़ इलाका टीमों के लिए चुनौती बना हुआ है।
