AI तकनीक से लैस हथियार, रडार और नेवी को नया एयरक्राफ्ट कैरियर भी मिलेगा
नई दिल्ली: 5 सितम्बर
भारतीय सेना को आने वाले 15 वर्षों में 2200 नए टैंक और 6 लाख गोले दिए जाएंगे। रक्षा मंत्रालय तीनों सेनाओं की क्षमताओं को बढ़ाने के लिए एक दीर्घकालिक रोडमैप तैयार कर रहा है, जिसमें AI तकनीक से लैस हथियार और आधुनिक रडार शामिल होंगे। इसके साथ ही भारतीय नौसेना को एक नया एयरक्राफ्ट कैरियर भी मिलेगा।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इस योजना में सुरक्षाबलों की आधुनिकता पर विशेष जोर दिया गया है। बताया जा रहा है कि सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान सामने आई चुनौतियों को भी ध्यान में रखते हुए अपनी रणनीति तैयार की है।
रूस से बढ़ेगी S-400 की सप्लाई
रूस की हथियार एजेंसी के निदेशक दिमित्री शुगायेव ने 3 सितम्बर को पुष्टि की कि भारत और रूस, अमेरिका के दबाव के बावजूद, S-400 मिसाइल सिस्टम की अतिरिक्त सप्लाई पर बातचीत कर रहे हैं। भारत पहले ही रूस से S-400 की खरीद कर चुका है और अब दोनों देशों के बीच और Su-57 लड़ाकू विमान की खरीद पर भी शुरुआती स्तर की चर्चा चल रही है।
2018 में भारत ने रूस से 5.5 अरब डॉलर में S-400 के 5 स्क्वाड्रन खरीदने का समझौता किया था। अब तक रूस भारत को 3 स्क्वाड्रन सौंप चुका है, जबकि बाकी 2 स्क्वाड्रन 2027 तक मिलने की संभावना है। उस समय भी अमेरिका ने भारत के इस सौदे का विरोध किया था।
सैन्य शक्ति में बड़ा इजाफा
विशेषज्ञों का मानना है कि टैंक, मिसाइल सिस्टम और एयरक्राफ्ट कैरियर जैसे हथियारों से भारत की जमीनी, वायु और नौसैनिक ताकत और मजबूत होगी। इससे सीमा सुरक्षा और समुद्री रणनीति दोनों स्तरों पर देश की रक्षा क्षमता को बढ़ावा मिलेगा।
भारतीय सेना को 15 साल में 2200 टैंक और 6 लाख गोले मिलेंगे
A 25 kg garland was put on the pilot using a crane