उदयपुर, 1 फरवरी: जोधपुर में तीन दिन पहले हुई साध्वी प्रेम-बाईसा की मौत के मामले को लेकर पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सचिन पायलट ने राज्य सरकार पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उदयपुर दौरे पर पहुंचे पायलट ने कहा कि सरकार को इस संवेदनशील मामले में किसी भी तरह की बात छिपाने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पूरे प्रकरण की खुली और पारदर्शी जांच होनी चाहिए तथा जो भी दोषी पाया जाए या जिसके खिलाफ ठोस प्रमाण मिलें, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
सचिन पायलट रविवार सुबह करीब 7:30 बजे डबोक एयरपोर्ट पहुंचे, जहां कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष फतेह सिंह राठौड़ और देहात जिला अध्यक्ष रघुवीर सिंह मीणा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने पायलट का मेवाड़ी पगड़ी पहनाकर और माल्यार्पण कर अभिनंदन किया। इसके बाद पायलट भुवाणा क्षेत्र पहुंचे, जहां उन्होंने पीसीसी सदस्य दुर्गा सिंह राठौड़ के पिता के निधन पर उनके निवास पर पहुंचकर शोक संवेदना व्यक्त की।
श्रीनाथजी के किए दर्शन, सूरजदेवी के घर पहुंचे
इसके पश्चात पायलट नाथद्वारा रवाना हुए। वहां उन्होंने समाजसेवी एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता देवकीनंदन गुर्जर के निवास पर पहुंचकर उनकी पत्नी एवं जिला परिषद सदस्य स्वर्गीय सूरज देवी गुर्जर के निधन पर श्रद्धांजलि अर्पित की और शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया। नाथद्वारा प्रवास के दौरान पायलट ने श्रीनाथजी मंदिर में राजभोग झांकी के दर्शन भी किए। मंदिर परंपरा के अनुसार श्री महाप्रभुजी की बैठकजी में सहायक अधिकारी अनिल सनाढ्य और सचिव लीलाधर पुरोहित ने उपरना ओढ़ाकर व प्रसाद भेंट कर उनका स्वागत किया।
बजट केवल आंकड़ों का गुणा—भाग
पूर्व डिप्टी सीएम पायलट ने केंद्र सरकार के आगामी बजट को लेकर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि बजट केवल आंकड़ों का गुणा-भाग नहीं होता, बल्कि यह सरकार की नीयत और प्राथमिकताओं को दर्शाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि लंबे समय से सत्ता में रहने के बावजूद भाजपा सरकार जमीनी मुद्दों से कट चुकी है और गांवों से जुड़े फैसले दिल्ली से थोपे जा रहे हैं। पायलट ने कहा कि केंद्र सरकार राज्यों पर अतिरिक्त बोझ डाल रही है और निर्णय लेने की शक्ति सीमित कर रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि आगामी बजट में बेरोजगारी और मध्यम वर्ग की समस्याओं को दूर करने के ठोस कदम उठाए जाएंगे।