2 माह 11 दिन में रिहाई
उदयपुर, 20 फरवरी: फिल्म निर्माता विक्रम भट्ट को Supreme Court of India से नियमित जमानत मिलने के बाद उदयपुर सेंट्रल जेल से रिहा कर दिया गया। वे करीब 2 माह 11 दिन से न्यायिक हिरासत में थे। रिहाई के बाद उन्होंने जेल परिसर स्थित शिव मंदिर में दर्शन किए और कहा कि उन्हें देश की न्याय व्यवस्था पर पूरा भरोसा है।
मीडिया से बातचीत में भट्ट ने कहा, “मैंने ढाई महीने उदयपुर की जेल में बिताए। मुझे उम्मीद नहीं, यकीन था कि सच्चाई सामने आएगी। मेवाड़ की मिट्टी की तासीर है—यहां सत्य परेशान हो सकता है, पराजित नहीं। मैं मेवाड़ की मिट्टी का टीका लगाकर जा रहा हूं।” इस दौरान उनकी जुबान फिसली और उन्होंने कहा कि “सत्य हमेशा पराजित रहेगा”, हालांकि तुरंत अपनी बात सुधारते हुए कहा कि सत्य की हमेशा जीत होती है।
उन्होंने आगे कहा, “मैं श्रीकृष्ण का भक्त हूं और वहीं रहा जहां श्रीकृष्ण पैदा हुए थे। अब एक नए संघर्ष के लिए दोगुना इंसान बनकर बाहर निकला हूं—श्रीकृष्ण मेरे अंदर फिर से जन्मे हैं।”
27 को सुप्रीम कोर्ट के मेडिएशन सेंटर में पेशी
भट्ट के अधिवक्ता के अनुसार शीर्ष अदालत ने मामले को मध्यस्थता के जरिए आगे बढ़ाने का निर्देश दिया है। 27 तारीख को दोनों पक्षों को सुप्रीम कोर्ट के मेडिएशन सेंटर में उपस्थित होना है।
क्या है मामला : प्रकरण डॉ. अजय मुर्डिया की शिकायत से जुड़ा है। आरोप है कि ‘महाराणा-रण’ और ‘विश्व विराट’ जैसी फिल्मों के नाम पर लगभग 30 करोड़ रुपये निवेश लिए गए, पर तय कार्य पूरा नहीं हुआ। नवंबर 2025 में दर्ज एफआईआर में इसे सुनियोजित धोखाधड़ी बताया गया। दिसंबर 2025 में राजस्थान पुलिस ने मुंबई में कार्रवाई कर भट्ट, उनकी पत्नी और अन्य को गिरफ्तार किया था। बचाव पक्ष इसे सिविल विवाद बता रहा है।